इस घटनाक्रम के बाद बांग्लादेश की राजनीति में नए राष्ट्रपति को लेकर चर्चा तेज हो गई है। संसद के स्पीकर हाफिज उद्दीन अहमद ने भी इस मामले पर प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई है।
शेख हसीना से करीबी बनी इस्तीफे की वजह?
मोहम्मद शहाबुद्दीन को पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना का करीबी माना जाता रहा है। बताया जा रहा है कि हाल के दिनों में शेख हसीना के साथ उनकी बातचीत को लेकर भी राजनीतिक विरोधियों ने सवाल उठाए थे। इसके बाद राष्ट्रपति पर इस्तीफा देने का दबाव बढ़ने की खबरें सामने आई थीं।
हालांकि, राष्ट्रपति के इस्तीफे की आधिकारिक वजह स्वास्थ्य संबंधी बताई जा रही है। वहीं, राजनीतिक हलकों में यह चर्चा भी है कि शेख हसीना से उनकी कथित नजदीकी के चलते उन्हें विरोध का सामना करना पड़ा और इसी वजह से उन्होंने कार्यकाल पूरा होने से पहले पद छोड़ दिया।
अप्रैल 2028 तक था कार्यकाल
मोहम्मद शहाबुद्दीन ने 24 अप्रैल 2023 को बांग्लादेश के राष्ट्रपति पद की शपथ ली थी। उन्हें तत्कालीन सत्तारूढ़ अवामी लीग के उम्मीदवार के तौर पर निर्विरोध राष्ट्रपति चुना गया था। उनका पांच साल का कार्यकाल अप्रैल 2028 में समाप्त होना था, लेकिन उससे पहले ही उन्होंने इस्तीफा दे दिया।
राष्ट्रपति के इस्तीफे के बाद अब देश की राजनीतिक व्यवस्था में नए राष्ट्रपति के चयन की प्रक्रिया को लेकर चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
कौन होगा बांग्लादेश का अगला राष्ट्रपति?
मोहम्मद शहाबुद्दीन के इस्तीफे के बाद संभावित उत्तराधिकारी के नामों को लेकर अटकलें तेज हैं। रिपोर्टों के अनुसार, कैबिनेट सचिव नसीमुल गनी का नाम संभावित उम्मीदवार के तौर पर चर्चा में है।
हाल ही में ब्रिटेन में रहने वाले बांग्लादेशी पत्रकार जुल्करनैन साएर ने सोशल मीडिया पर दावा किया था कि राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन इस्तीफा दे सकते हैं। उन्होंने यह भी दावा किया था कि सरकार मौजूदा कैबिनेट सचिव नसीमुल गनी को राष्ट्रपति पद के लिए उत्तराधिकारी के तौर पर आगे कर सकती है।
हालांकि, नए राष्ट्रपति के नाम पर अंतिम फैसला आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा। फिलहाल राष्ट्रपति के इस्तीफे के बाद बांग्लादेश में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं और सभी की नजरें नए राष्ट्रपति के चयन पर टिकी हैं।