Breaking News
ट्रेंडिंग न्यूज़देवरिया न्यूज़उत्तर प्रदेश न्यूज़राष्ट्रीय न्यूज़अंतर्राष्ट्रीय न्यूज़राजनीतिक न्यूज़अपराधिक न्यूज़स्पोर्ट्स न्यूज़एंटरटेनमेंट न्यूज़बिज़नस न्यूज़टेक्नोलॉजी अपडेट लेटेस्ट गैजेट अपडेटमौसम

देवरिया में निजी अस्पतालों के पंजीकरण में अनियमितता के आरोप, विश्व हिंदू सेना का प्रदर्शन

Published on: April 28, 2026
private hospitals in deoria
द  देवरिया न्यूज़,देवरिया : जिले में निजी अस्पतालों, अल्ट्रासाउंड और पैथोलॉजी सेंटरों तथा नर्सिंग कॉलेजों के पंजीकरण में कथित अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोपों को लेकर विश्व हिंदू सेना ने कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। संगठन के राष्ट्रीय सचिव दिग्विजय चौबे के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर नोडल अधिकारी डॉ. अश्वनी पाण्डेय को तत्काल हटाने और पूरे मामले की निष्पक्ष व गोपनीय जांच कराने की मांग की।

ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि डॉ. अश्वनी पाण्डेय वर्तमान में प्राइवेट हॉस्पिटल पंजीयन के नोडल अधिकारी के रूप में कार्यरत हैं, जबकि शासन स्तर से 7 अप्रैल 2026 को उन्हें इस पद से हटाने का आदेश जारी किया जा चुका है। दावा किया गया कि यह आदेश सीएमओ कार्यालय, प्रमुख सचिव स्वास्थ्य, महानिदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं और गोरखपुर मंडल आयुक्त तक पहुंच चुका है, इसके बावजूद उन्हें अभी तक कार्यमुक्त नहीं किया गया है।

संगठन ने यह भी आरोप लगाया कि सीएमओ देवरिया की कथित मिलीभगत से फर्जी तरीके से निजी अस्पतालों, अल्ट्रासाउंड और पैथोलॉजी सेंटरों के पंजीकरण किए जा रहे हैं। आरोप है कि कई ऐसे अस्पताल, जिन पर पहले कार्रवाई हो चुकी थी, उन्हें दोबारा संचालित कराया जा रहा है।

ज्ञापन में ओम साई हॉस्पिटल, श्री साई हॉस्पिटल, जलपा हॉस्पिटल, यूनिवर्सल हॉस्पिटल, अंबे हॉस्पिटल, गौरव हॉस्पिटल और अंश हॉस्पिटल सहित कई संस्थानों के नाम का उल्लेख किया गया है। इन पर बिना मानकों के संचालन, अप्रशिक्षित डॉक्टरों से इलाज और कथित फर्जी दस्तावेजों के आधार पर सर्जरी कराने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं।

दिग्विजय चौबे ने यह भी कहा कि निरीक्षण से पहले संबंधित अस्पताल संचालकों को सूचना दे दी जाती है, जिससे जांच केवल औपचारिकता बनकर रह जाती है और संस्थानों को क्लीन चिट मिल जाती है। उन्होंने डॉ. अश्वनी पाण्डेय पर अपने नाम से भी निजी अस्पताल संचालित करने का आरोप लगाया।

चौबे ने दावा किया कि इन मामलों को उजागर करने के कारण उन पर दो बार हमला कराया गया। उन्होंने प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि आरोपों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई, तो वे आगे कड़ा कदम उठाने को मजबूर होंगे।

फिलहाल प्रशासन की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।


Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Reply