प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा डच प्रधानमंत्री रॉब जेटेन के निमंत्रण पर हो रही है। द हेग पहुंचने पर भारतीय प्रवासी समुदाय और स्थानीय कलाकारों ने उनका पारंपरिक अंदाज में स्वागत किया।
अपने दौरे के दौरान पीएम मोदी नीदरलैंड के प्रधानमंत्री रॉब जेटेन के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। इसके अलावा वह किंग विलेम-अलेक्जेंडर और क्वीन मैक्सिमा से भी मुलाकात करेंगे। माना जा रहा है कि प्रधानमंत्री नीदरलैंड के प्रमुख उद्योगपतियों और बिजनेस लीडर्स से भी बातचीत करेंगे।
दोनों देशों के बीच होने वाली चर्चाओं में सेमीकंडक्टर, ग्रीन हाइड्रोजन, इनोवेशन, रक्षा, जल प्रबंधन, सप्लाई चेन और रिन्यूएबल एनर्जी जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विशेष जोर रहेगा।
प्रधानमंत्री मोदी के भारतीय समुदाय को संबोधित करने की भी संभावना है। नीदरलैंड में बड़ी संख्या में भारतीय मूल के लोग रहते हैं और यह समुदाय दोनों देशों के रिश्तों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
पीएम मोदी का यह नीदरलैंड का दूसरा दौरा है। इससे पहले उन्होंने 2017 में यहां की यात्रा की थी। माना जा रहा है कि मौजूदा दौरा भारत और नीदरलैंड के बीच रणनीतिक साझेदारी को नई मजबूती देगा।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा, “गुडडेवोंड नीदरलैंड! पीएम मोदी नीदरलैंड पहुंच गए हैं। यह दौरा भारत-नीदरलैंड साझेदारी को और मजबूत करने और यूरोप के सबसे बड़े भारतीय समुदाय से जुड़ने का अवसर देगा।”
विदेश मंत्रालय में सचिव (पश्चिम) सिबी जॉर्ज ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश, जल प्रबंधन, कृषि और स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में सहयोग गहरा हुआ है। साथ ही तकनीक, नवाचार, रक्षा, सुरक्षा, सेमीकंडक्टर, शिक्षा और समुद्री क्षेत्र में भी साझेदारी तेजी से बढ़ी है।
नीदरलैंड में करीब 90 हजार एनआरआई और भारतीय मूल के लोग रहते हैं। इसके अलावा सूरीनाम हिंदुस्तानी समुदाय के दो लाख से अधिक सदस्य भी वहां मौजूद हैं। वर्तमान में लगभग 3500 भारतीय छात्र नीदरलैंड की विभिन्न यूनिवर्सिटियों में उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं।