पदयात्रा के दौरान कार्यकर्ता हाथों में संविधान, सामाजिक न्याय और लोकतंत्र से जुड़े संदेश लिखे बैनर-पोस्टर लिए हुए थे। “संविधान बचाओ”, “लोकतंत्र मजबूत करो” जैसे नारों के साथ सपा कार्यकर्ताओं ने लोगों को संविधान के महत्व के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया। कार्यक्रम के जरिए पार्टी ने लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का संदेश देते हुए आम जनता से जुड़ने की अपील भी की।
इस पदयात्रा का नेतृत्व सपा जिलाध्यक्ष व्यास यादव ने किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि डॉ. भीमराव अंबेडकर द्वारा निर्मित संविधान देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था की आधारशिला है और इसकी रक्षा करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में संविधान और संवैधानिक संस्थाओं को मजबूत बनाए रखने के लिए जनजागरूकता बेहद जरूरी है।
व्यास यादव ने यह भी कहा कि समाजवादी पार्टी हमेशा सामाजिक न्याय, समानता और लोकतंत्र की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध रही है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे गांव-गांव और मोहल्लों तक पहुंचकर संविधान के प्रति लोगों को जागरूक करें और डॉ. अंबेडकर के विचारों को जन-जन तक पहुंचाएं।
कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए पहले ही जिलाध्यक्ष ने सांसद, पूर्व सांसद, विधायक, पूर्व विधायक, विधान परिषद सदस्य, जिला पंचायत प्रतिनिधियों, नगर निकाय प्रतिनिधियों और सभी पार्टी पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की थी। इसका असर भी देखने को मिला और पदयात्रा में भारी भीड़ उमड़ी।
पदयात्रा के दौरान शहर के विभिन्न स्थानों पर स्थानीय लोगों ने कार्यकर्ताओं का स्वागत किया। पूरा कार्यक्रम शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हुआ। इसमें पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे।
इसके साथ ही सपा जिलाध्यक्ष ने सभी कार्यकर्ताओं से 14 अप्रैल को अपने-अपने क्षेत्रों में डॉ. अंबेडकर की जयंती को हर्षोल्लास के साथ मनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के विचार आज भी समाज को दिशा देने का काम कर रहे हैं और उनके आदर्शों पर चलकर ही एक मजबूत और समतामूलक समाज का निर्माण संभव है।