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G7 शिखर सम्मेलन में मोदी-ट्रंप मुलाकात पर नजर, भारतीय नाविकों की मौत का मुद्दा उठने की संभावना

Published on: June 17, 2026
Modi-Trump meeting at the G7 summit
द  देवरिया न्यूज़,वॉशिंगटन/पेरिस। फ्रांस में आयोजित होने वाले जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की संभावित मुलाकात पर दुनिया की नजरें टिकी हैं। इस मुलाकात से पहले ओमान तट के निकट हुए हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत का मुद्दा चर्चा के केंद्र में है। भारत में इस घटना को लेकर व्यापक नाराजगी देखी जा रही है और यह सवाल उठ रहे हैं कि क्या प्रधानमंत्री मोदी इस विषय को अमेरिकी राष्ट्रपति के समक्ष उठाएंगे।

भारतीय नाविकों की मौत के बाद अमेरिका की प्रतिक्रिया को लेकर भी आलोचना हो रही है। कई विश्लेषकों का मानना है कि शुरुआती अमेरिकी बयानों में मृत भारतीय नागरिकों के प्रति संवेदना का अभाव दिखाई दिया। अमेरिका ने अपनी कार्रवाई को प्रतिबंधों के उल्लंघन और कथित अवैध तेल परिवहन के खिलाफ बताया था, जबकि भारत ने घटना पर कड़ा विरोध दर्ज कराया और अमेरिकी राजनयिक को तलब कर अपनी आपत्ति जताई।

अमेरिकी विदेश नीति विशेषज्ञ और यूएससी डॉर्नसाइफ के प्रोफेसर डेरेक जे. ग्रॉसमैन ने भी अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो के बयान की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि भारतीय नागरिकों की मौत पर दुख व्यक्त न करना अमेरिका की छवि को नुकसान पहुंचा सकता है और इससे भारत में अमेरिका के प्रति नकारात्मक भावनाएं बढ़ सकती हैं।

घटना के बाद भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो से बातचीत की थी। इसे इस संकेत के रूप में देखा गया कि भारत इस मामले को गंभीरता से ले रहा है। हालांकि, अमेरिकी पक्ष की ओर से अब तक सार्वजनिक रूप से किसी प्रकार की माफी या खेद व्यक्त नहीं किया गया है।

इस बीच, मृत नाविकों के परिजनों ने भी कई सवाल उठाए हैं। उन्होंने सरकार से अपने प्रियजनों के शव जल्द भारत लाने और घटना की पूरी जानकारी सार्वजनिक करने की मांग की है। परिवारों का कहना है कि उन्हें यह जानने का अधिकार है कि हमले के दौरान क्या हुआ और बचाव के लिए क्या प्रयास किए गए।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भारत में बढ़ते जनदबाव के बीच प्रधानमंत्री मोदी इस मुद्दे को ट्रंप के साथ बातचीत में उठा सकते हैं। हालांकि दोनों देशों की ओर से संभावित वार्ता के एजेंडे की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।

विशेषज्ञों का कहना है कि हाल के महीनों में व्यापार, शुल्क (टैरिफ) और क्षेत्रीय रणनीतिक मुद्दों को लेकर भारत-अमेरिका संबंधों में कुछ चुनौतियां सामने आई हैं। ऐसे में जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान होने वाली मोदी-ट्रंप मुलाकात दोनों देशों के रिश्तों की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।

फिलहाल, भारतीय नाविकों की मौत का मामला भारत में भावनात्मक और राजनीतिक दोनों स्तरों पर चर्चा का विषय बना हुआ है, जबकि परिजन न्याय और जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।


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