Breaking News
ट्रेंडिंग न्यूज़देवरिया न्यूज़उत्तर प्रदेश न्यूज़राष्ट्रीय न्यूज़अंतर्राष्ट्रीय न्यूज़राजनीतिक न्यूज़अपराधिक न्यूज़स्पोर्ट्स न्यूज़एंटरटेनमेंट न्यूज़बिज़नस न्यूज़टेक्नोलॉजी अपडेट लेटेस्ट गैजेट अपडेटमौसम

सिंधु जलसंधि निलंबन के बाद बौखलाया पाकिस्तान, चेनाब के पानी पर भारत को लिखा पत्र

Published on: December 19, 2025
Frustrated after Indus Strait suspension

द देवरिया न्यूज़,इस्लामाबाद। भारत द्वारा सिंधु जलसंधि को निलंबित किए जाने के बाद पाकिस्तान सरकार लगातार प्रतिक्रिया दे रही है। अब पाकिस्तान ने आरोप लगाया है कि चेनाब नदी के जल प्रवाह में अचानक कमी और उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। इसको लेकर पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने भारत को औपचारिक पत्र लिखकर स्पष्टीकरण मांगा है।

पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर हुसैन अंद्राबी ने गुरुवार को कहा कि चेनाब नदी के बहाव में “अचानक भिन्नता” आ रही है। पाकिस्तानी मीडिया के हवाले से उन्होंने दावा किया कि भारत बिना पूर्व सूचना दिए कभी पानी रोक रहा है तो कभी अचानक छोड़ रहा है। पाकिस्तान इस पूरे मामले को “बेहद गंभीर और चिंताजनक” मान रहा है।

बिना चेतावनी पानी छोड़ने का आरोप

प्रवक्ता अंद्राबी ने कहा कि पाकिस्तान के सिंधु जल आयुक्त ने इस संबंध में अपने भारतीय समकक्ष को पत्र लिखा है।
उन्होंने कहा,
“यह सिंधु जलसंधि के तहत निर्धारित प्रक्रिया का हिस्सा है। भारत द्वारा खेती के मौसम में पानी के बहाव के साथ इस तरह का व्यवहार लोगों के जीवन, आर्थिक सुरक्षा और आजीविका को खतरे में डाल सकता है।”

पाकिस्तान ने भारत से जल्द से जल्द इस पत्र का जवाब देने की मांग की है।

सिंधु जलसंधि को बताया बाध्यकारी अंतरराष्ट्रीय समझौता

पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने एक बार फिर सिंधु जलसंधि को बाध्यकारी अंतरराष्ट्रीय समझौता बताया और कहा कि यह क्षेत्रीय स्थिरता और सुरक्षा का अहम आधार है।
गौरतलब है कि 1960 में हुई इस संधि के तहत सिंधु, चेनाब और झेलम नदियों का पानी पाकिस्तान को, जबकि भारत को तीन अन्य नदियों का उपयोग अधिकार दिया गया था।

पहलगाम हमले के बाद भारत का सख्त रुख

भारत ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले के बाद सिंधु जलसंधि को निलंबित कर दिया था। इस हमले में 26 निर्दोष लोगों की मौत हुई थी। इसके बाद भारत ने स्पष्ट संदेश दिया कि “पानी और खून एक साथ नहीं बह सकते।”

पाकिस्तान की वैश्विक अपील

पाकिस्तान ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की है कि वह भारत पर सिंधु जलसंधि का पालन करने का दबाव बनाए।
अंद्राबी ने कहा,
“पाकिस्तान भारत के साथ विवादों के शांतिपूर्ण समाधान के लिए प्रतिबद्ध है, लेकिन अपने लोगों के जल अधिकारों पर कोई समझौता नहीं करेगा।” भारत के इस फैसले को पाकिस्तान पहले ही “एक्ट ऑफ वॉर” करार दे चुका है और दावा करता रहा है कि भारत को अकेले इस संधि को निलंबित करने का अधिकार नहीं है।


इसे भी पढ़ें : 30,000 करोड़ की विरासत पर संग्राम: संजय कपूर की बहन मंधीरा का प्रिया सचदेव पर तीखा हमला

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Reply