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नोएडा में फर्जी कंपनियों पर बड़ी कार्रवाई, आठ महीने में 2254 जीएसटी रजिस्ट्रेशन रद्द

Published on: January 12, 2026
Big crackdown on fake companies in Noida
द देवरिया न्यूज़,नोएडा। उत्तर प्रदेश के खजाने में सबसे अधिक राजस्व योगदान देने वाले गौतमबुद्ध नगर जिले में फर्जी कंपनियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई सामने आई है। बीते आठ महीनों के दौरान जिले में सबसे ज्यादा फर्जी कंपनियों का जीएसटी रजिस्ट्रेशन निरस्त किया गया है। प्रदेश सरकार की ओर से जारी जीएसटी विभाग के आंकड़ों के अनुसार अप्रैल 2025 से दिसंबर 2025 के बीच जिले में 2254 कंपनियों का पंजीकरण रद्द किया गया है।
जांच में सामने आया कि इन कंपनियों के पीछे कई कारण थे। प्रदेश की प्रमुख सचिव (जीएसटी) कामिनी रतन चौहान के निर्देश पर कागजी और फर्जी कंपनियों के खिलाफ सख्त अभियान चलाया गया, जिसके तहत जीएसटी रजिस्ट्रेशन रद्द करने के साथ-साथ दंडात्मक कार्रवाई भी तेज की गई। राज्य कर विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, इस अवधि में गौतमबुद्ध नगर में कुल 22,294 नई कंपनियों का जीएसटी पंजीकरण हुआ। इनमें 11,474 कंपनियां राज्य जीएसटी और 10,820 कंपनियां केंद्रीय जीएसटी के तहत पंजीकृत हुईं। इनमें से 20,040 से अधिक कंपनियां वर्तमान में सक्रिय हैं।
गौतमबुद्ध नगर जिले में कुल करीब 1.25 लाख कंपनियां जीएसटी के अंतर्गत रजिस्टर्ड हैं। इनमें ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक्स, कपड़ा, मशीनरी, सेवा क्षेत्र और मोबाइल सेक्टर से जुड़ी कंपनियां शामिल हैं। हालांकि जांच में यह भी सामने आया कि दो हजार से ज्यादा कंपनियां केवल कागजों पर ही चल रही थीं। कई कंपनियों ने लंबे समय तक जीएसटी रिटर्न दाखिल नहीं किए थे, जबकि कुछ लगातार शून्य रिटर्न दाखिल कर रही थीं। इसके अलावा कई मामलों में कारोबार पूरी तरह बंद पाया गया और कुछ कंपनियां फर्जी दस्तावेजों के आधार पर पंजीकृत थीं।
नोएडा के अपर आयुक्त राज्यकर संदीप भागिया ने बताया कि नई पंजीकृत कंपनियों में से लगभग 10 प्रतिशत का जीएसटी पंजीकरण समाप्त किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के निर्देश पर विभाग लगातार फर्जी कंपनियों और टैक्स चोरी के मामलों पर कार्रवाई कर रहा है, ताकि राजस्व की हानि को रोका जा सके और सिस्टम को पारदर्शी बनाया जा सके।

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