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बाबर पर बयान से सियासत गरम: डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक की टिप्पणी पर शुरू हुई बहस

Published on: February 13, 2026
Politics heated up due to statement on Babar

द देवरिया न्यूज़,लखनऊ। उत्तर प्रदेश के डिप्टी मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने बाबर से जुड़े एक सवाल पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए पुराना नारा दोहराया, जिसके बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। गुरुवार को मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि बाबर एक आक्रांता और लुटेरा था, यह ऐतिहासिक तथ्य है जिसे झुठलाया नहीं जा सकता।

डिप्टी सीएम ने कहा कि जो लोग बाबर का महिमामंडन करते हैं, उनका उत्तर प्रदेश में कोई स्थान नहीं है। उन्होंने बाबरी मस्जिद प्रकरण का उल्लेख करते हुए उस समय प्रचलित रहा नारा भी दोहराया। पाठक के इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है।

राजनीतिक प्रतिक्रिया तेज

विपक्षी दलों ने इस बयान को समाज को बांटने वाला करार दिया है और कहा है कि सरकार को विकास और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए। वहीं सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इसे ऐतिहासिक दृष्टिकोण पर आधारित टिप्पणी बताते हुए समर्थन किया है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि बाबर और बाबरी मस्जिद से जुड़े मुद्दे दशकों से भारतीय राजनीति के केंद्र में रहे हैं। अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के बाद भी यह विषय समय-समय पर बयानबाजी के जरिए चर्चा में आता रहता है। ऐसे बयान वैचारिक बहस को फिर से सक्रिय कर देते हैं।

“आक्रांताओं का महिमामंडन स्वीकार्य नहीं”

ब्रजेश पाठक ने कहा कि भारत की संस्कृति और इतिहास के संदर्भ में आक्रांताओं का महिमामंडन स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने दोहराया कि प्रदेश सरकार राष्ट्रवाद और भारतीय अस्मिता के मुद्दों पर स्पष्ट रुख रखती है और उसी दिशा में काम कर रही है।

पहले भी आ चुके हैं बयान

गौरतलब है कि इससे पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी बाबरी ढांचे के मुद्दे पर सख्त टिप्पणी की थी। बाराबंकी में एक सभा के दौरान उन्होंने कहा था कि बाबरी मस्जिद का पुनर्निर्माण कभी नहीं होगा। उन्होंने राम मंदिर निर्माण का उल्लेख करते हुए कहा था कि किया गया वादा पूरा हुआ है। डिप्टी सीएम के ताजा बयान के बाद एक बार फिर इतिहास, आस्था और राजनीति को लेकर बहस तेज होने के आसार हैं।


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